इस जग में नाम जो मेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।
तर्ज – दुनिया में देव हजारों है।
किरपा से तेरी दादी जी,
इन होंठों को मुस्कान मिली,
अब घर में मेरे खुशियों का,
दादी दिन रेन बसेरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।
जबसे तेरा गुणगान किया,
जग वालों ने सम्मान दिया,
ये सारी दुनिया जान गई,
जो नाता तेरा मेरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।
अपनी किस्मत है बहुत बड़ी,
हमको तेरा दरबार मिला,
तेरा मेरा माँ और बेटी का,
रिश्ता ये सबसे गहरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।
कहता ये ‘शिवम’ हर जन्म में माँ,
मेरे सर पे तेरा हाथ रहे,
तेरे चरणों की सेवा से ही,
जीवन में सांझ सवेरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।
इस जग में नाम जो मेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
दादी उपकार ये तेरा है,
इस जग में नाम जो मेरा हैं,
दादी उपकार ये तेरा है।।


